
जालंधरः डिस्ट्रिक्ट कांग्रेस कमेटी शहरी के उप प्रधान गुलशन सोढी ने नगर निगम के कमिश्नर के समक्ष राम नगर और गांधी नगर में बरसात के दिनों में तीन-तीन फुट तक पानी भरे रहने का मुद्दा उठाते हुए इसके तत्काल समाधान की मांग की है। गुलशन सोढी नॉर्थ हलके के विधायक बावा हैनरी व नॉर्थ हलके के पार्षदों के साथ नगर निगम कमिश्नर के साथ मीटिंग में बोल रहे थे।
इस दौरान सोढी ने कहा कि नगर निगम के अंतर्गत मोहल्ला राम नगर और गांधी नगर पिछले कुछ वर्षों से नरक भरा जीवन जीने को मजबूर है। इस कारण कई मोहल्ला निवासी अपने आवास छोड़कर दूसरी जगहों पर जाकर रहने को मजबूर हो गए हैं।
जब भी बारिश आती है तो यह समस्या और बढ़ जाती है। कई जगह तो दो-दो फुट तक पानी भर जाता है। जहां तक कि पानी लोगों के घरों में भी भर जाता है। ऐसी परिस्थति में लोगों के पास और कोई चारा नहीं बचता कि वे नरक भरा जीवन जीने की बजाय मोहल्ला छोड़कर किसी और जगह पर चले जाएं।
सोढी ने कहा नगर निगम की तरफ से जो भी थोड़े बहुत प्रयास किए जाते हैं वे सिर्फ अस्थाई किए जाते हैं। जहां तक कि सुपर सक्शन मशीन लगाए जाने के दो घंटे बाद ही वही समस्या दोबारा खड़ी हो जाती है।
इसका मुख्य कारण गाजी गुल्ला डिस्पोजल से आगे मुख्य सीवरेज लाइन का चोक होना है। सीवरेज लाइन चोक होने के बाद नगर निगम की तरफ से एक-दो बार अलग से बाईपास लाइन डाली भी गई लेकिन यह समस्या का हल नहीं है। जो भी बाईपास लाइन डाली गई है वह काम ही नहीं कर रही है।
उन्होंने बताया कि गाजी गुल्ला में मुख्य सीवर लाइन ईंटों की डाट से बनी हुई है जोकि कहीं से क्षतिग्रस्त(क्रेक) हो गई है या ब्लॉक है। इसको भी एक बार चेक करवाया जाए कि सीवर लाइन कहां से क्रेक है या ब्लॉक है। जब तक यह लाइन साफ नहीं होती या रिपेयर नहीं होती तब तक सीवरेज का पानी आगे जाना नामुमकिन है।
उल्लेखनीय है कि कमिश्नर साहिब आप के जालंधर नगर निगम का चार्ज लेने से पहले नगर निगम के अधिकारी और इंजीनियर्स कई-कई बार इसकी जांच कर चुके हैं लेकिन समस्या का हल नहीं निकल पा रहा है।
उन्होंने कहा कि हमारा मोह्लला निवासियों की तरफ से आपसे आग्रह है कि गाजी गुल्ला डिस्पोजल से लेकर वाल्मीकि कॉलोनी तक नए सिरे से 24X36 मुख्य सीवर लाइन दोबारा बिछाई जाए ताकि राम नगर और गांधी नगर ही नहीं गाजी गुल्ला निवासियों की समस्या का भी हल हो जाए।
इसके साथ ही वाल्मीकि कॉलोनी से आगे मुख्य सीवर लाइन की सुपर सक्शन मशीनों से सफाई करवाई जाए ताकि सीवर लाइन में फंसी गाद निकल जाए और सीवरेज के पानी की आगे सप्लाई निर्विघ्न चालू रहे।