
रामपुरा फूल (बठिंडा) : पंजाब सरकार के खिलाफ भ्रामक प्रचार के लिए विपक्षी दलों की आलोचना करते हुए, पंजाब के सीएम भगवंत मान ने आज यहां कहा कि विपक्षी नेता लोगों की सेवा करने के बजाय केवल अपने निजी हितों की पूर्ति और बदला लेने के उद्देश्य से सत्ता में आना चाहते हैं।
यहां रेलवे ओवरब्रिज (आर.ओ.बी.) को जनता को समर्पित करने के बाद एक सभा को संबोधित करते हुए, सीएम ने कहा कि विपक्षी नेता राज्य की सेवा करने के बजाय हमारी विभिन्न जन-हितैषी पहलों के लिए हमें सबक सिखाने के उद्देश्य से सत्ता में वापसी की बेसब्री से प्रतीक्षा कर रहे हैं। इन नेताओं के पास राज्य या इसके लोगों के लिए कोई दृष्टिकोण नहीं है, बल्कि वे केवल आम आदमी की आवाज को दबाने के लिए सत्ता हथियाना चाहते हैं। इन नेताओं ने अपने निजी राजनीतिक हितों के लिए राज्य के खजाने की भारी लूट की है, जिसके कारण लोगों ने उन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाया था।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पारंपरिक राजनीतिक दल उनसे ईर्ष्या करते हैं क्योंकि वे यह पचा नहीं पा रहे कि एक साधारण परिवार से संबंधित व्यक्ति राज्य को प्रभावी ढंग से चला रहा है। उन्होंने कहा कि पारंपरिक राजनीतिक दलों के जन-विरोधी और पंजाब-विरोधी रुख के कारण राज्य के लोगों का उन पर से विश्वास उठ गया है। भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य के लोग पंजाब को बर्बाद करने या श्री हरमंदिर साहिब पर टैंकों-तोपों से हमला करने वाली इन पार्टियों को कभी माफ नहीं करेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन लोगों को केवल लेना और लूटना आता है और ये नेता लोगों को उनका ही पैसा देना तो दूर, बल्कि अपने लिए अवैध तरीकों से धन इकट्ठा करने से भी नहीं हिचकते। उन्होंने कहा कि क्या पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल ने डबवाली ट्रांसपोर्ट या सुख विलास के अपने कारोबार के बजाय ‘गोलकों’ का पैसा लोगों को बांटा है। भगवंत सिंह मान ने कहा कि लोग उनके दोहरे चरित्र से अच्छी तरह वाकिफ हैं और उनके द्वारा बांटे जा रहे नोटों को भी अच्छी तरह पहचानते हैं।
सुखबीर के किसान होने के दावे पर कटाक्ष करते हुए, मुख्यमंत्री ने कहा कि अकाली नेता को यह रहस्य सबको खुलकर बताना चाहिए कि खेती करके इतना बड़ा ट्रांसपोर्ट कारोबार और होटल कैसे बनाए जा सकते हैं। हर कोई जानता है कि अकालियों ने राज्य की संपत्ति को जमकर लूटा है, जिससे उन्होंने अपने ये बड़े कारोबार स्थापित किए हैं। भगवंत सिंह मान ने कहा कि इसके अलावा इन लोगों ने राज्य में नशीली दवाओं का व्यापार शुरू किया और इसे संरक्षण दिया, जिसके कारण बड़े पैमाने पर पीढ़ियों का नुकसान हुआ।
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि राज्य सरकार नशीली दवाओं के अभिशाप के माध्यम से युवाओं की हत्या के दोषी ‘जरनैलों’ के प्रति कोई नरमी नहीं बरतेगी। उन्होंने कहा कि नशीली दवाओं के व्यापार को संरक्षण देने वाले नेताओं को पहले ही सलाखों के पीछे डाल दिया गया है। उन्होंने कहा कि ये नेता न केवल पूरे राज्य में नशीली दवाओं के व्यापार को संरक्षण देते रहे हैं, बल्कि यह धारणा भी है कि वे अपनी सरकारी गाड़ियों में भी नशीले पदार्थ बेचते/आपूर्ति करते रहे हैं। भगवंत सिंह मान ने कहा कि पहले किसी ने भी इन रसूखदार नेताओं को गिरफ्तार करने की हिम्मत नहीं की, लेकिन अब उनकी सरकार ने ऐसा करके दिखाया है और उन्हें अपने पापों की कीमत चुकानी पड़ेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके साथ ही स्कूली विद्यार्थियों को भी रोजमर्रा की परेशानियों से राहत मिलेगी, क्योंकि वे अब समय पर अपने स्कूलों तक पहुंच सकेंगे। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के लोग कई वर्षों से इस आर.ओ.बी. की मांग कर रहे थे और इस पुल के निर्माण से न केवल बठिंडा और आसपास के जिलों के निवासियों को लाभ होगा, बल्कि अन्य जिलों के लोगों को भी बड़ी सुविधा मिलेगी। भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह पुल रामपुरा शहर के दो हिस्सों को पटियाला मंडी और नाभा मंडी से जोड़कर आर्थिक प्रगति के नए युग की शुरुआत करेगा।