जनसंख्या के हिसाब से आज भी ज्यादातर दलितों में पूर्ण शिक्षा का अभाव : गोरा जालंधरी


Aryan Academy AD

जालंधर/सोमनाथ कैंथ
आज भले ही हमें आजादी मिले 78 साल हो गए हैं, मगर आज भी जनसंख्या के हिसाब से ज्यादातर दलितों में पूर्ण शिक्षा का अभाव है। आजादी के बाद शिक्षा में आरक्षण की नीति के कारण उच्च शिक्षा में भी देखें तो दलितों के उच्च स्तर पर पहुंचने में कुछ प्रगति तो हुई है मगर सुविधाओं के अभाव, ग़रीबी, सामाजिक विभेद, आर्थिक चुनौतियां और घर का माहौल जैसी अनेक दिक्कतों के कारण बहुत सारे बच्चों की पढ़ाई बीच में ही छूट जाती है। यह बात आज गोरा जालंधरी ने कनाडा में अपनी पौत्री रवनीत कौर बिरदी के जन्म की खुशी पर बेटा अमनदीप सिंह बिरदी के साथ गांधी नगर में बच्चों को नोट बुक्स और पैंसिल व अन्य स्टेशनरी वितरित करते हुए कही। इस मौके पर उनके साथ स्टाफ मैंबर व स्कूल की हैड टीचर व अन्य भी मौजूद थे।

गोरा जालंधरी ने कहा कि आज भी दलितों तक सरकार की नीतियों के मुताबिक सहायता नहीं पहुंच रही है। कई बार दलित स्टूडेंट्स को दी जाने वाली छात्रवृत्ति राज्य सरकारों द्वारा दूसरे कामों में इस्तेमाल कर ली जाती है या भी राज्य सरकारों द्वारा अपना हिस्सा नहीं दिए जाने के कारण दलित स्टूडेंट्स को समय पर छात्रवृत्ति नहीं मिल पाती या फिर कॉलेजों फीस जमा नहीं हो पाती जिस कारण अक्सर कॉलेजों द्वारा दलित स्टूडेंट्स को दाखिला देने में आनाकानी की जाती है।

Advertisement Space

गोरा ने कहा कि दलितों को बड़ी मुश्किल के साथ शिक्षा का अधिकार मिला है, यह व्यर्थ नहीं जाना चाहिए।

 

Advertisement Space

Leave a Comment