जालंधर : औद्योगिक क्षेत्र को और बढ़ावा देते हुए Jalandhar Administration द्वारा औद्योगिक एवं व्यापार विकास नीति के तहत 13 मामलों में 2.50 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि को मंजूरी दी गई है। इससे जहां औद्योगिक इकाइयों को बड़ी वित्तीय राहत मिलेगी, वहीं जिले में औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा।
यह मंजूरियां जिला स्तरीय समिति की बैठक के दौरान दी गई, जिसकी अध्यक्षता डिप्टी कमिश्नर वरजीत वालिया ने की। इसमें जी.एस.टी. री-इंबर्समेंट, बाहरी विकास शुल्क से छूट, सी.जी.टी.एम.एस.ई. फीस का री-इंबर्समेंट और स्टांप ड्यूटी सहित माल की ढुलाई संबंधी कई लाभ शामिल है।
इस संबंध में अधिक जानकारी देते हुए डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि मुख्यमंत्री पंजाब श्री भगवंत सिंह मान की अगुवाई वाली पंजाब सरकार पूरे राज्य में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने और व्यापार-अनुकूल वातावरण उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध है।
बैठक के दौरान डिप्टी कमिश्नर ने औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े मुद्दों की भी समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में जाकर उनके सामने आ रही समस्याओं का मूल्यांकन करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि औद्योगिक प्रतिनिधियों के साथ तालमेल करके इन मुद्दों का समय पर निपटारा सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि यह सक्रिय दृष्टिकोण बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ जिले में आसानी से व्यापार करने में भी मददगार साबित होता है।
जालंधर की औद्योगिक संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए श्री वालिया ने कहा कि कई औद्योगिक इकाइयों द्वारा पहले ही जिले में विनिर्माण सुविधाएं स्थापित करके काफी निवेश किया जा चुका है। उन्होंने संभावित निवेशकों को आश्वासन दिया कि प्रशासन द्वारा उन्हें निवेश करने के लिए हर संभव सहायता उपलब्ध करायी जाएगी और सुचारू प्रणाली व्यवस्था के माध्यम से नए परियोजनाओं के लिए समय पर मंजूरियां सुनिश्चित की गई है।
जिले में औद्योगिक समुदाय को निवेश की संभावनाएं तलाशने की अपील करते हुए डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि जालंधर द्वारा उद्योगों के विकास के लिए उद्योग-अनुकूल और अनुकूल माहौल प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नया निवेश जहां स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा, वहीं रोजगार के अवसर पैदा करके क्षेत्र के सर्वांगीण विकास में भी अमूल्य योगदान देगा।