किसान बेच सकेंगे खेतों मे आई रेत, पंजाब सरकार ला रही पॉलिसी


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चंडीगढ़/सोमनाथ कैंथ

आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के इंचार्ज मनीष सिसोदिया ने आज ऐलान किया कि भगवंत मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार हाल ही में आई बाढ़ से प्रभावित किसानों के लिए बड़ी राहत लाने के लिए तैयार है। राज्य सरकार जल्द ही एक नीति का ऐलान करेगी, जिससे किसानों को बाढ़ के कारण अपने खेतों में जमा हुई रेत को निकालने की इजाजत दी जाएगी, ताकि कृषि गतिविधियां बिना देरी के फिर से शुरू हो सकें।

सिसोदिया ने कहा कि बाढ़ ने फ़सलें तबाह कर दी हैं, घरों को नुकसान पहुंचाया है और पशुओं की जान ले ली है, परन्तु इस समय हमारे किसानों की सबसे बड़ी चिंता उनके खेतों में इकट्ठी हुई रेत है, जो भविष्य की खेती को असंभव बना सकती है। हमने किसानों की फीडबैक को गंभीरता से लिया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान पहले ही इस मुद्दे पर अधिकारियों के साथ चर्चा कर चुके हैं और भरोसा दिया है कि अगले कुछ दिनों में एक स्पष्ट नीति का ऐलान किया जाएगा ताकि सभी किसान को बिना किसी रूकावटों के अपने खेतों में से रेत हटाने की इजाज़त मिल सके।

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उन्होंने आगे कहा कि इस फैसले से न सिर्फ किसानों को अगले बिजाई सीजन के लिए अपनी ज़मीन तैयार करने में मदद मिलेगी। वहीं उन्हें रेत बेचने का मौका भी मिलेगा ताकि इसका उपयोग निर्माण के उद्देश्यों के लिए भी किया जा सके। सिसोदिया ने कहा कि यह एक दोहरी राहत होगी, ज़मीन फसलों के लिए साफ़ हो जाएगी और किसान रेत बेच कर कुछ आय भी कमा सकते हैं।

‘आप’ नेता ने कहा कि मान सरकार बाढ़ से प्रभावित लोगों की सहायता के लिए दिन-रात काम कर रही है। उन्होंने कहा कि हमारे सभी मंत्री, विधायक और वॉलंटियर ज़मीनी स्तर पर राहत कार्यों में लगे हुए हैं। उन्होंने कहा “मैंने निजी तौर पर कई ज़िलों और गांवों का दौरा किया, किसानों से मुलाक़ात की, उनकी समस्याओं को समझा और उन्हें भरोसा दिलाया कि सरकार उनके साथ मज़बूती से खड़ी है।

केंद्र की भूमिका पर सिसोदिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, और अन्य वरिष्ठ नेताओं ने मुख्यमंत्री से बात तो की है, पर अभी तक कोई ठोस वित्तीय सहायता का ऐलान नहीं किया गया है। सिसोदिया ने कहा कि पंजाब के 60,000 करोड़ से ज़्यादा के जायज़ बकाए, जिसमें 58,000 करोड़ का जीएसटी शामिल है, केंद्र के पास बकाया हैं। अगर यह रकम पहले जारी कर दी जाती, तो राहत और पुनर्वास का काम बहुत तेज़ी से आगे बढ़ सकता था। मैं प्रधानमंत्री से विनती करता हूँ कि वह 9 तारीख को अपने दौरे से पहले पंजाब के बकाए जारी करें।

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