प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में BRICS Summit सम्मेलन के दौरान रूसी संघ के राष्ट्रपति महामहिम व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की। इस साल यह उनकी दूसरी मुलाकात थी। दोनों नेताओं की पिछली मुलाकात 31 अगस्त 2026 को बिश्केक में 26वें एससीओ (SCO) शिखर सम्मेलन के दौरान हुई थी।
दोनों नेताओं ने BRICS Summit के दौरान राजनीतिक, आर्थिक, रक्षा, ऊर्जा, अंतरिक्ष, कौशल गतिशीलता और लोगों के बीच आपसी संपर्क जैसे क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने रूस की अंतरराष्ट्रीय औद्योगिक प्रदर्शनी “इनोप्रोम इंडिया” (INNOPROM India) का स्वागत किया, जो पहली बार भारत में 9-11 सितंबर 2026 के बीच आयोजित की गई थी। उन्होंने व्यापार और औद्योगिक संबंधों को और बढ़ाने में इसके महत्व पर जोर दिया। दोनों नेताओं ने इनोप्रोम इंडिया प्रदर्शनी का दौरा भी किया और प्रदर्शनी में भाग लेने वालों से बातचीत की।
नेताओं ने बहुपक्षीय मंचों पर, विशेष रूप से 2026 में भारत की अध्यक्षता में ब्रिक्स के भीतर भारत-रूस सहयोग पर विचारों का आदान-प्रदान किया। उन्होंने आपसी हित के प्रमुख क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी अपने विचार साझा किए, जिनमें पश्चिम एशिया और काला सागर क्षेत्र में चल रहे संघर्ष शामिल हैं, जिनका समुद्री व्यापार और भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर असर पड़ा है। प्रधानमंत्री ने एक बार फिर दोहराया कि बातचीत और कूटनीति ही संघर्षों को सुलझाने का सही रास्ता है और भारत शांति प्रयासों में मदद करने के लिए तैयार है।
दोनों नेता दोनों देशों के बीच ‘विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी’ को और मजबूत करने की दिशा में काम करते रहने पर सहमत हुए। यह साझेदारी लगातार महत्वपूर्ण विकास कर रही है और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बावजूद इसने मजबूती बनाए रखी है।
राष्ट्रपति पुतिन ने प्रधानमंत्री को 24वें भारत-रूस वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए रूस आने का निमंत्रण दिया। प्रधानमंत्री ने निमंत्रण स्वीकार कर लिया। शिखर सम्मेलन की तारीखें कूटनीतिक माध्यमों से आपसी सुविधा के अनुसार तय की जाएंगी।