
नाभा : भारतीय जनता पार्टी, अनुसूचित जाति मोर्चा, पंजाब के उपाध्यक्ष परमजीत सिंह कैंथ ने भगवंत मान सरकार, नाभा के स्थानीय विधायक तथा नगर सुधार ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर तीखा हमला करते हुए कहा कि सरकार विज्ञापनों और भाषणों में स्वयं को मजदूर हितैषी बताती है, लेकिन वास्तविकता यह है कि नाभा के सैकड़ों दिहाड़ी मजदूर आज भी बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं।
कैंथ ने कहा कि नाभा के मेहस सचरी रोड स्थित फ्रोजन सीमेन स्टेशन के निकट पिछले 25–30 वर्षों से लगभग 200 दिहाड़ी मजदूर प्रतिदिन काम की तलाश में एकत्र होते हैं, लेकिन आज तक उनके लिए न तो एक पक्का शेड बनाया गया है, न स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था की गई है, न बैठने के लिए उचित स्थान उपलब्ध कराया गया है और न ही पक्का फर्श बनाया गया है। भीषण गर्मी और बरसात के दौरान खुले आसमान के नीचे खड़े रहने को मजबूर ये मजदूर सरकार के खोखले दावों की वास्तविक तस्वीर प्रस्तुत कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि कुछ समय पहले नगर सुधार ट्रस्ट के कार्यकारी अधिकारी से मुलाकात कर ये मांगें रखी गई थीं और शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन भी दिया गया था, लेकिन अभी तक कोई भी कार्य शुरू नहीं हुआ है। यह प्रशासनिक विफलता, जवाबदेही की कमी और मजदूर वर्ग के प्रति उदासीनता का स्पष्ट प्रमाण है।
भाजपा नेता परमजीत सिंह कैंथ ने सवाल किया कि यदि भगवंत मान सरकार और नाभा के विधायक अपने ही विधानसभा क्षेत्र के दिहाड़ी मजदूरों को एक शेड और स्वच्छ पेयजल जैसी बुनियादी सुविधा भी उपलब्ध नहीं करा सकते, तो वे किस विकास मॉडल की बात कर रहे हैं? अब जनता सरकार का मूल्यांकन भाषणों और प्रचार के आधार पर नहीं, बल्कि ज़मीनी कार्यों के आधार पर कर रही है।
कैंथ ने बताया कि नगर सुधार ट्रस्ट के अध्यक्ष को 15 दिनों का अंतिम अल्टीमेटम भेजा गया है। इसकी प्रतियां उपायुक्त, पटियाला; उपमंडल मजिस्ट्रेट (एस.डी.एम.), नाभा; कार्यकारी अधिकारी, नगर सुधार ट्रस्ट; श्रम आयुक्त, पंजाब; तथा सहायक श्रम आयुक्त, पटियाला को भी भेजी गई हैं।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर मजदूरों के लिए पक्का शेड, स्वच्छ पेयजल, पक्का फर्श तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं का कार्य शुरू नहीं किया गया, तो भारतीय जनता पार्टी, अनुसूचित जाति मोर्चा, पंजाब मजदूर समुदाय और स्थानीय लोगों के साथ मिलकर नगर सुधार ट्रस्ट, नाभा के अध्यक्ष कार्यालय का घेराव करेगी तथा विशाल धरना और विरोध प्रदर्शन आयोजित करेगी। इस दौरान उत्पन्न होने वाली किसी भी स्थिति की पूरी जिम्मेदारी नगर सुधार ट्रस्ट और संबंधित प्रशासन की होगी।
कैंथ ने कहा कि भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा मजदूरों, दलितों और वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए अपना संघर्ष लगातार जारी रखेगा। जहां भी लोगों के अधिकारों की अनदेखी और प्रशासनिक लापरवाही सामने आएगी, वहां लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से संघर्ष किया जाएगा तथा जिम्मेदार अधिकारियों से जवाब मांगा जाएगा।