
पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और पंजाब Congress कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के बीच चल रहे गुटीय मतभदों के बीच आज देर शाम Congress पार्टी हाईकमान की तरफ से पंजाब मामलों के अपने महासचिव और प्रभारी भूपेश बघेल की जगह सचिन पायलट को महासचिव प्रभारी नियुक्त किया है। इसके साथ ही पार्टी की तरफ से पांच और राज्यों के प्रभारियों की नियुक्ति की गई है। जहां तक पंजाब की बात है तो यह कदम लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के पंजाब के संभावित दौरे से पहले उठाया गया है।
पार्टी सूत्रों का कहना है कि आने वाले दिनों में राहुल गांधी पंजाब का दौरा कर सकते हैं। यह दौरा आगामी विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी की तैयारियों का हिस्सा होगा और साथ ही राज्य इकाई के भीतर पंजाब कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग और पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के बीच चल रहे गुटीय मतभेदों को सुलझाने में मदद करेगा।
इसी फेरबदल के तहत, बघेल को असम का महासचिव प्रभारी नियुक्त किया गया है, जबकि रणदीप सिंह सुरजेवाला को गुजरात की जिम्मेदारी सौंपी गई है। कर्नाटक का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है। पार्टी ने निवर्तमान महासचिवों/प्रभारियों जितेंद्र सिंह, रमेश चेन्निथला और मणिकम टैगोर के योगदान की भी सराहना की। मुकुल वासनिक AICC के महासचिव के तौर पर काम करना जारी रखेंगे।
बता दें कि भूपेश बघेल पंजाब कांग्रेस में चल रही गुटबाजी को सुलझाने में नाकाम रहे हैं और अब सवाल यह पैदा होता है कि क्या सचिन पायलट पंजाब कांग्रेस के बीच चल रहे गुटीय मतभेद को सुलझा पाएंगे। जहां तक चरणजीत सिंह चन्नी गुट का सवाल है तो पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी का दोआबा में मजबूत आधार है। भले ही 2022 के पंजाब विधानसभा चुनावों में कांग्रेस पार्टी सत्ता हासिल नहीं कर पाई लेकिन दोआबा में दलितों ने कांग्रेस पार्टी को बड़ी मजबूती दी थी।